रामायण प्रचार समिति ने अंतरराष्ट्रीय योग और सामाजिक क्षेत्र में कार्य करने वालों को दिया प्रतिभा सम्मान

17HREG269 रामायण प्रचार समिति ने अंतरराष्ट्रीय योग और सामाजिक क्षेत्र में कार्य करने वालों को दिया प्रतिभा सम्मान

ऋषिकेश, 17 अगस्त (हि.स.)।रामायण प्रचार समिति के 38 वें वार्षिक उत्सव पर अंतरराष्ट्रीय योग के प्रतिभागियों को सम्मानित किया गया।

तुलसी मानस मंदिर में आयोजित श्री रामायण प्रचार समिति के वार्षिकोत्सव के चतुर्थ दिवस पर समिति ने अंतरराष्ट्रीय योग और विभिन्न क्षेत्रों में विशिष्ट कार्यों के लिए सम्मानित करते हुए उन्नाव सांसद स्वामी सच्चिदानंद साक्षी महाराज एवं विरक्त वैष्णव मंडल के अध्यक्ष महामंडलेश्वर स्वामी दयाराम दास महाराज ,योगी आशुतोष, डॉ. हेतराम मंमगाई, स्वामी आलोक हरि महाराज, स्वामी अखंडानंद सरस्वती ने प्रतिभाओं का सम्मानित किया।

महंत रवि प्रपन्नाचार्य महाराज ने सभी संत समाज के साथ सच्चिदानंद साक्षी महाराज सांसद उन्नाव महाराज को उत्तरीय पुष्प हार स्मृति चिन्ह देकर वेद मंत्रों से स्वागत किया गया। इस दौरान वार्षिकोत्सव के तहत आयोजित नौवहन पाठ आचार्य पंडित वेद प्रकाश मिश्रा ने संगीत वाद्य यंत्रों के द्वारा किया गया। संध्या कालीन कथा में जगतगुरु उत्तराखंड पीठाधीश्वर स्वामी कृष्णाचार्य महाराज ने चतुर्थ दिवस की कथा में भरत चरित्र पर प्रकाश डाला।

उन्नाव सांसद स्वामी सच्चिदानंद साक्षी महाराज ने कहा कि आज भारत ही नहीं पूरा विश्व योगमय हो रखा है। भारतीय संस्कृति का लोहा आज पूरा विश्व मान रहा है। रामायण की शिक्षा को आत्मसात करने का आह्वान करने के साथ ही समाज को धर्म मार्ग पर चलने के लिए प्रेरित करने पर समिति की कार्यों की सराहना की। महामंडलेश्वर स्वामी दयाराम दास महाराज ने संस्कृत शिक्षारत छात्रों को शिखा रखने के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि शिखा ब्रह्मतत्व की पहचान है। आज देश विदेश से लोग भारत में योग के साथ- साथ भारतीय संस्कृति को भी अपना रहे हैं।

तुलसी मानस मंदिर के प्रबंधक राजीव लोचन शर्मा, योग गुरु नवीन जोशी, अभिषेक शर्मा ,रमाकांत भारद्वाज, गोविंद कुमार, संस्कार योगशाला शंकराचार्य फाउंडेशन के साधकों को अंतरराष्ट्रीय योग प्रतिभा सम्मान प्रदान कर सभी को उत्तरीय व स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया जो भारत की सनातन संस्कृति योग विद्या दर्शन भागवत गीता एक्यूप्रेशर नाड़ी विज्ञान, पर्यावरण संरक्षण संस्कृति का प्रचार प्रसार कर रहे हैं।

इनमें योग गुरु नवीन जोशी, ऑस्ट्रेलिया से क्रिस्टीना मोना, रूस से गलिनो जी ,इजराइल से मिशेल , केरला से रमेश आनंद, महाराष्ट्र से संजय सीताराम सेमवाल ,विक्की नौटियाल ,अमित उनियाल, धीरज नेगी, अंकित कुमार ,माही त्यागी, रोमा, उषा रिमाल ,गोविंद रिमाल ,योगी अजय जोशी, पूजा व संतों का आशीर्वाद सभी को प्राप्त हुआ। सभी ने संकल्प लिया कि सनातन धर्म की शिक्षा पद्धतियों को योग ओर आयुर्वेद , भारतीय संस्कृति परंपरा के माध्यम से नाडी विज्ञान एक्यूप्रेशर ,प्राकृतिक चिकित्सा वेदों के ज्ञान को जन-जन तक प्रसारित करने का संकल्प लिया।