समर कैंप में बताये गये जीवन जीने के गुण

09HREG222 समर कैंप में बताये गये जीवन जीने के गुण

देहरादून, 09 जून (हि.स.)। समग्र शिक्षा परियोजना निदेशक उत्तराखंड की ओर से वर्चुअल स्टूडियो के माध्यम से समर कैंप आयोजित किया जा रहा है। कैंप के आखिरी दिन शुक्रवार को भगवती प्रसाद मैंदोली, निरूपमा भट्ट, डॉ. विनीष गुप्ता, डॉ. अनुमेहा जोशी ने छात्र-छात्राओं को जानकारी दी।

प्रथम सत्र में भगवती प्रसाद मैंदोली ने आनंदम पाठ्यचर्या के चार आयामों की जानकारी दी। उन्होंने बच्चों में आसपास के वातावरण, विचारों, संवेदनाओं के प्रति सजग होने तथा वर्तमान में जीने की क्षमता, विकास पर चर्चा की। दूसरे सत्र में ऊषा एक किरण फाउंडेशन की निदेशक निरूपमा भट्ट ने गुजरात की पारंपरिक भित्ति कला शैली पर चर्चा की तथा कलाकृति बनाना सीखाया। अंतिम सत्र में डॉ. विनीष गुप्ता ने विश्व आयुर्वेद परिषद उत्तराखंड की ओर से बच्चों को खान पान का महत्व, योग, प्राणायाम की चर्चा की तथा कहा कि भूख लगने पर भोजन तथा प्यास लगने पर ही पानी पीना चाहिए। डॉ. अनुमेहा जोशी ने भोजन में षडरस की चर्चा की। इस कार्यक्रम में 441 राजकीय विद्यालयों ने भाग लिया।