01HREG263 जिलाधिकारी ने की जल जीवन मिशन की समीक्षा
गोपेश्वर, 01 जून (हि.स.)। जिलाधिकारी चमोली ने गुरुवार को कलेक्ट्रेट में जल जीवन मिशन के तहत संचालित कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने कार्यदायी संस्थाओं को निर्देशित किया कि इस दिसम्बर तक जल जीवन मिशन के सभी कार्य पूर्ण करना सुनिश्चित करें।
जिलाधिकारी हिमांशु खुराना ने कहा कि जल जीवन मिशन एक महत्वाकांक्षी योजना है। सभी कार्यदायी संस्थाएं लक्ष्य निर्धारित करते हुए निर्माण कार्यों में प्रतिदिन प्रगति लाना सुनिश्चित करें। निर्माण कार्यों के दौरान यदि कहीं पर फॉरेस्ट भूमि संबंधी बाधा आ रही है, तो संबंधित उप वन क्षेत्राधिकारी से मिलकर समस्या का शीघ्र निस्तारण करें। ऐसी योजनाएं जिनमें संयुक्त सर्वेक्षण पूरा हो गया है उनका कार्य प्रारंभ करें। जिन घरों में एफएचटीसी हो गई है, उनको अपलोड किया जाए। मानसून सीजन में निर्माण कार्यों के लिए अभी से योजना बनाकर कार्य करें। ताकि बारिश के कारण कार्य प्रभावित न हो।
उन्होंने निर्देशित किया कि जल जीवन मिशन के कार्यों को हर हाल में इस वर्ष दिसम्बर तक पूरा किया जाए। साथ ही मुख्य विकास अधिकारी को प्रत्येक सप्ताह जल जीवन मिशन कार्यों की प्रगति समीक्षा करने को कहा। इस दौरान सभी डिविजनों के अंतर्गत चल रहे कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई।
जल संस्थान के अधीक्षण अभियंता सुशील कुमार सैनी ने अवगत कराया कि जल जीवन मिशन के अन्तर्गत में 77650 घरेलू जल संयोजन के सापेक्ष अभी तक 72885 घरेलू जल संयोजन किए जा चुके है और 93.86 प्रतिशत एफएचटीसी का कार्य पूरा कर लिया गया है। अवशेष 4765 घरेलू संयोजन का कार्य प्रगति पर है। पेयजल योजनाओं के पुनर्गठन एवं जल स्रोतों के सुधारीकरण योजनाओं के लिए दो करोड़ से कम लागत की 482 स्वीकृत आंगणन में से 481 के टेंडर हो चुके हैं, जिसमें से 406 कार्य प्रगति पर और 75 कार्य पूर्ण कर लिए गए हैं। दो से पांच करोड़ तक की योजनाओं में स्वीकृत 10 योजनाओं में से नौ योजनाओं के टेंडर करने के बाद कार्य प्रगति पर है। एक योजना का टेंडर होना है। पांच करोड़ से अधिक की एक योजना में भी कार्य प्रगति पर चल रहा है। जेजेएम के अन्तर्गत आवंटित कुल 903.48 लाख में से 704.89 लाख व्यय हो चुका है।
बैठक में जल संस्थान के अधीक्षण अभियंता सुशील कुमार सैनी, अधीक्षण अभियंता वीके जैन, मिथलेश कुमार, एसके श्रीवास्तव, अरुण प्रताप सिंह, सहायक अभियंता कैलाश चन्द्र, सुरेन्द्र लाल आदि उपस्थित थे।