वन और पर्यावरण मंत्री ने भूपेन्द्र ने एनएफआईसी डेटाबेस राष्ट्र को किया समर्पित

20HNAT45 वन और पर्यावरण मंत्री ने भूपेन्द्र ने एनएफआईसी डेटाबेस राष्ट्र को किया समर्पित

देहरादून, 20 मई (हि.स.)। केंद्रीय वन एवं पर्यावरण मंत्री ने राष्ट्रीय वन कीट संग्रह (एनएफआईसी) का डिजिटाइज्ड डेटाबेस राष्ट्र को समर्पित करते हुए परिषद के कुछ महत्वपूर्ण प्रकाशनों और प्रौद्योगिकियों को भी जारी किया।

भारतीय वानिकी अनुसंधान एवं शिक्षा परिषद, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय, भारत सरकार के तहत एक स्वायत्त परिषद की 29वीं वार्षिक आम बैठक वन अनुसंधान संस्थान, देहरादून में हुई। इसकी अध्यक्षता केन्द्रीय पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेन्द्र यादव ने की, जो उक्त सोसायटी के अध्यक्ष भी हैं।

इस दौरान भूपेन्द्र यादव ने भारतीय वानिकी अनुसंधान और शिक्षा परिषद की ओर से विकसित अपशिष्ट प्लास्टिक का प्लाईवुड निर्माण में उपयोग की तकनीक को जारी करते हुए वन कीट संग्रह के डाटाबेस का भी लोकार्पण किया। इनमें अपशिष्ट प्लास्टिक का बाइंडिंग एजेंट के रूप में उपयोग करके प्लाइवुड पैनलों के निर्माण की तकनीक और विभिन्न वन वनस्पतियों के तहत मृदा स्वास्थ्य कार्ड पर आधारित एक रिपोर्ट भी जारी की गई।

वार्षिक आम सभा की कार्यसूची के अनुसार, वर्ष 2021-22 के लिए भा.वा.अ.शि.प. की वार्षिक रिपोर्ट, वार्षिक लेखा परीक्षित खाते के साथ प्रस्तुत की गई। वार्षिक रिपोर्ट वर्ष के दौरान वानिकी, पर्यावरण और जलवायु परिवर्तन के विभिन्न क्षेत्रों में किए गए अनुसंधान, शिक्षा और विस्तार गतिविधियों का एक संक्षिप्त विवरण है। साथ ही परिषद के विभिन्न संस्थानों की पूर्ण की गई विभिन्न परियोजनाओं पर चर्चा की गई।

मंत्री का स्वागत महानिदेशक अरुण सिंह रावत, महानिदेशक एवं सदस्य सचिव परिषद सोसायटी ने किया। बैठक में वन महानिदेशक और विशेष सचिव तथा उपाध्यक्ष शासक मंडल सीपी गोयल, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय, नई दिल्ली के वरिष्ठ अधिकारी और परिषद की सोसायटी का प्रतिनिधित्व करने वाले विभिन्न राज्य सरकारों, शिक्षण संस्थानों, वैज्ञानिक संगठनों के गणमान्य सदस्यों और वरिष्ठ अधिकारी एवं वैज्ञानिक उपस्थित रहे।