07HREG60 हर्षिल घाटी के दो अनाम शिखरों का आचार्य बालकृष्ण ने किया नामकरण
उत्तरकाशी, 7 सितंबर (हि.स.)। पतंजलि योगपीठ के महामंत्री आचार्य बालकृष्ण ने गुरुवार को 17,500 फुट की ऊंचाई के श्रीकंठ पर्वत व हर्षिल हॉर्न पीक-2 के मध्य में स्थित अनाम व अनारोहित दो हिमशिखरों का आरोहण किया। आचार्य ने दोनों शिखरों का कैलाश शिखर व नंदी शिखर के रूप में नामकरण किया।
इस मौके पर आचार्य बालकृष्ण ने कहा कि यह हमारे उत्तराखंड की देवभूमि तथा देव संस्कृति को विश्वव्यापी बनाने में एक मील का पत्थर साबित होंगे और लोगों की आध्यात्मिक चेतना की जागृति के लिए यह नूतन मार्ग प्रशस्त करेगा।
दरअसल, शनिवार को नेहरू पर्वतारोहण संस्थान के प्रधानाचार्य कर्नल भदौरिया व पतंजलि की टीम के साथ आचार्य बालकृष्ण हर्षिल क्षेत्र के दो अलग-अलग दल ॐ पर्वत व नंदी पर्वत का आरोहण करने व नई जड़ी बूटी पादपों की खोज पर निकले थे। इस दौरान आचार्य दाेनों पर्वतों के नाम कैलाश व नंदी शिखर रखा।पर्वतारोहण की टीम में डॉक्टर राजेश मिश्र, डॉक्टर भास्कर जोशी, सूरज व लोकेश पंवार सहित नेहरू पर्वतारोहण संस्थान की टीम के सौरव रौतेला, गिरीश रणकोटी, रविंद्र सिंह, गोविंद राम, अनूप पंवार आदि शामिल रहे।