09HREG385 तीर्थयात्रियों को बेहतर सुविधाएं देने में जुटा जिला प्रशासन
-केदानाथ मार्ग पर यात्रियों की सुरक्षा का रखा जा रहा विशेष ध्यान
-43 यात्रियों को मिली ऑक्सीजन की सुविधा
रुद्रप्रयाग, 09 मई (हि.स.)। केदारनाथ धाम यात्रा को सुगम और सरल बनाने लिए केदारनाथ धाम में दर्शन करने आ रहे तीर्थ यात्रियों को जिला प्रशासन की ओर से सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित स्वयं सभी व्यवस्थाओं पर निरंतर नजर रखे हुए हैं और किसी भी समस्या एवं व्यवस्था को दुरूस्त करने के लिए तत्काल अधिकारियों को निर्देशित किया जा रहा है, ताकि संबंधित समस्या का त्वरित निराकरण करते हुए व्यवस्थाओं को ठीक किया जा सके और तीर्थ यात्रियों को किसी भी प्रकार की कोई समस्या एवं असुविधा न हो।
गौरतलब है कि केदारनाथ धाम में पल-पल मौसम खराब होने से बर्फवारी हो रही है तथा जिलाधिकारी के निर्देशन में यात्रियों की सुरक्षा के लिए यात्रा मार्ग के संवेदनशील स्थानों पर यात्रियों की सुरक्षा के लिए डीडीआरएफ, एसडीआरएफ, एनडीआरएफ, वाईएमएफ एवं पुलिस के जवान हर समय तैनात हैं, जो यात्रियों की हर संभव मदद कर रहे हैं।
अति संवेदनशील स्थान कुबेर ग्लेशियर एवं भैरव ग्लेशियर प्वाइंट पर यात्रियों की सुरक्षा के लिए एसडीआरएफ, डीडीआरएफ, एनडीआरएफ, वाईएमएफ व पुलिस के जवान तैनात हैं जो यात्रियों को ग्लेशियर से आर-पार कराने में उनकी मदद कर रहे हैं, ताकि किसी प्रकार की कोई अप्रिय घटना घटित न होने पाए। इसके साथ ही केदारनाथ धाम में यात्रियों की सुरक्षा के दृष्टिगत जिला प्रशासन निरंतर अलाव जलाने की भी व्यवस्था कर रहा है।
डीडीएमए के सहायक अभियंता मनीष डोगरा ने बताया कि कुबेर ग्लेशियर से यात्रियों की सुरक्षा के दृष्टिगत बर्फ हटाने का कार्य श्रमिकों द्वारा भारी बर्फबारी में किया जा रहा है, ताकि यात्रा मार्ग अवरुद्ध न हो और यात्रा निरंतर संचालित होती रहे। इसके लिए बर्फ हटाने के लिए लगभग पचास श्रमिक विषम कठिन परिस्थितियों में बर्फ हटाने का कार्य कर रहे हैं।
43 को मिली ऑक्सीजन की सुविधा-
केदारनाथ धाम में दर्शन करने आ रहे श्रद्धालुओं के स्वास्थ्य को लेकर विशेष ख्याल रखा जा रहा है। सीएमओ डॉ. एचएस मर्तोलिया ने बताया कि मंगलवार को आकस्मिक एवं ओपीडी सहित 1604 श्रद्धालुओं का स्वास्थ्य उपचार किया गया। अब तक ओपीडी एवं आकस्मिक सुविधाओं सहित 18,453 श्रद्धालुओं का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया है, जिसमें 13586 पुरुष और 2777 महिलाएं शामिल हैं। मंगलवार को 43 यात्रियों को ऑक्सीजन उपलब्ध कराया गया। उन्होंने बताया कि अब तक कुल 524 यात्रियों को ऑक्सीजन की सुविधा उपलब्ध कराई जा चुकी है।