28HREG184 जिले में आध्यात्मिक, एडवेंचर और नेचर टूरिज्म की अपार संभावनाएं हैं : राज्यपाल
-आईटीबीपी के जवानों और स्वयं सहायता समूहों के साथ क्षेत्र के संसाधनाें की ली जानकारी
पिथौरागढ़ 28 मई 2023 (हि.स.)। प्रदेश के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से.नि.) जनपद पिथौरागढ़ के दो दिवसीय दौरे के दौरान दूसरे दिवस रविवार को मुनस्यारी पहुंचे। उन्होंने कहा कि जिले में आध्यात्मिक, एडवेंचर और नेचर टूरिज्म की अपार संभावनाएं हैं।
राज्यपाल ने मुनस्यारी स्थित आइटीबीपी गेस्ट हाउस में आईटीबीपी के जवानों से भेंटवार्ता की। उन्होंने आईटीबीपी के जवानों से उनका परिचय लिया। उन्होंने अपने सेवाकाल के अनुभव एवं घटनाओं को आईटीबीपी के जवानों के साथ साझा किया और उनका हौसला बढ़ाया। राज्यपाल ने आईटीबीपी के जवानों का हौसला बढ़ाते हुए कहा कि यह उनके लिए गर्व की बात है कि उन्हें भारत तिब्बत सीमा पर देश की सेवा करने का अवसर प्राप्त हुआ है।
इस दौरान राज्यपाल स्वयं सहायता समूह की महिलाओं से भी मिले। उन्होंने स्वयं सहायता समूह की महिलाओं से उनकी आय के बारे में जानकारी ली गई। जिला प्रशासन को निर्देश दिये गये कि स्वयं सहायता समूह की महिलाओं की आय बढ़ाने को समुचित प्रयास किये जायें। उन्होंने उत्पादों की ब्रांडिंग, पैकेजिंग एवं मार्केटिंग पर विशेष ध्यान देने की बात कही ताकि स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को उनके उत्पादों के अच्छे दाम मिल सके।
स्वयं सहायता समूहों ने राज्यपाल को स्थानीय खाद्य उत्पादों सहित अंगूरा खरगोश के ऊन से बनी पश्मीना शॉल, नारायण आश्रम का काष्ठ कला मॉडल और कालीन भेंट की गई। इस दौरान राज्यपाल कालीन व्यवसाय कर रही “प्रेरणा स्वयं सहायता समूह मुनस्यारी” से बहुत प्रभावित हुए तथा प्रेरणा स्वयं सहायता समूह को रुपये 51 हजार देने की बात कही।
इस दौरान राज्यपाल ने जिलाधिकारी, मुख्य विकास अधिकारी, उप जिलाधिकारी मुनस्यारी व अन्य अधिकारियों से जनपद के विकास के लिए किए जा रहे विकासपरक कार्यों की जानकारी ली। उन्होंने जनपद के विकास की संभावनाओं, चुनौतियों पर चर्चा की और अधिकारियों को आवश्यक दिशा- निर्देश दिये।
राज्यपाल ने कहा कि जनपद में आध्यात्मिक टूरिज्म, एडवेंचर टूरिज्म एवं नेचर टूरिज्म की अपार संभावनाएं हैं। जिला प्रशासन को चाहिए कि वे आपसी समन्वय से कार्य करते हुए जनपद में टूरिज्म को विकसित करें। पर्यटकों को कैसे आकर्षित किया जा सकता है। इसके लिए प्लान बनाएं। राज्यपाल ने जनपद के वाइब्रेंट विलेज एवं आदि कैलाश/ लिपुलेख क्षेत्र के विकास हेतु किये जा रहे विकासपरक कार्यों की जिलाधिकारी से जानकारी ली। उन्होंने कहा कि देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी भगवान शिव और देश के बॉर्डर एरिया के लिए अलग ही आस्था रखते हैं। उन्होंने केदारनाथ एवं बद्रीनाथ के मॉडल का अध्ययन कर आदि कैलाश क्षेत्र के विकास का मास्टर प्लान बनाये जाने की बात अधिकारियों से कही।
राज्यपाल मुनस्यारी के प्राकृतिक सौंदर्य से बहुत ही प्रभावित हुए। उन्होंने कहा कि मुनस्यारी अपने आप में एक सुन्दर जगह है। मानसखंड में मुनस्यारी एक ऐसी जगह है जो टूरिज्म का बहुत बड़ा हब बन सकती है। मुनस्यारी के नागरिक अलग-अलग तरह की विशेषताएं रखते हैं। यहां के लोगों में उत्पादक क्षमता हैं। यहां की स्वयं सहायता समूह की महिलाओं के उत्पादों से मैं विशेष रूप से प्रभावित हुआ हूं। यहां कई महान विभूतियों ने जन्म लिया है। यहां के लोग प्रशासनिक सेवा के उच्च पदों पर भी देश के अलग-अलगअ स्थानों पर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। उन्होंने परिवार सहित पुनः मुनस्यारी आने की इच्छा भी जताई। उन्होंने जिला प्रशासन को मुनस्यारी क्षेत्र की सड़क कनेक्टिविटी और दूर संचार कनेक्टिविटी विकास पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिये ताकि क्षेत्र में टूरिज्म को बढ़ावा मिल सके।
राज्यपाल ने जिलाधिकारी से कहा कि समय-समय पर भूतपूर्व सैनिकों के साथ बैठक कर उनकी समस्याओं का समाधान किया जाये। उन्होंने आशा वर्कर,आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों और रेडक्रास के कार्यों के बारे में भी जिलाधिकारी से जानकारी ली। इस दौरान उन्होंने जिले में नशे के अवैध कारोबार पर भी सख्ती से लगाम लगाने के निर्देश पुलिस व जिला प्रशासन को दिये।
इस अवसर पर जिलाधिकारी रीना जोशी, मुख्य विकास अधिकारी वरुण चौधरी, एसपी लोकेश्वर सिंह, उप जिलाधिकारी दिवेश शाशनी और अनिल शुक्ला आदि मौजूद रहे।